बांग्लादेश के पटुआखाली जिले के बाउफल उपजिला में सोमवार (9 फरवरी, 2026) को बांग्लादेश नेशनलिस्ट पार्टी (BNP) और जमात-ए-इस्लामी के कार्यकर्ताओं के बीच हुई झड़प में कम से कम 26 लोग घायल हो गए. घायलों में तीन महिलाएं भी शामिल हैं.
‘द डेली स्टार’ की रिपोर्ट के मुताबिक घटना के बारे में स्थानीय लोगों और चश्मदीदों ने बताया कि सोमवार (9 फरवरी) को दोपहर करीब साढ़े 12 बजे भंडारिया बाजार में जमात की महिला कार्यकर्ता पटुआखाली-2 सीट से पार्टी उम्मीदवार शफीकुल इस्लाम मसूद के समर्थन में प्रचार कर रही थीं. इसी दौरान बीएनपी के कुछ कार्यकर्ताओं ने उन्हें बीच में रोक लिया और उन पर आरोप लगाया कि वे वोट खरीदने के लिए पैसा बांट रही हैं.
इस घटना की सूचना मिलते ही जमात के अन्य पुरुष कार्यकर्ता भी मौके पर पहुंच गए, जिसके बाद दोनों पक्षों के बीच बहस शुरू हो गई और देखते ही देखते यह घटना हिंसक झड़प में बदल गई.
गंभीर रूप से घायल को बेहतर इलाज के लिए भेजा गया
इस हिंसक झड़प में घायल हुए 26 लोगों को बाउफल उपजिला हेल्थ कॉम्प्लेक्स में भर्ती कराया गया. उपजिला स्वास्थ्य और परिवार नियोजन अधिकारी डॉ. अब्दुर रउफ ने कहा कि घायलों में तीन महिलाएं शामिल हैं और एक गंभीर रूप से घायल शख्स को बेहतर इलाज के लिए बारिशाल के शेर-ए-बांग्ला मेडिकल कॉलेज भेजा गया है.
जमात के कार्यकर्ताओं ने निकाला जुलूस
इस घटना के विरोध में जमात के कार्यकर्ताओं ने दोपहर करीब साढ़े 3 बजे उपजिला मुख्यालय में जुलूस निकाला. जब जुलूस हेल्थ कॉम्पलेक्स के पास पहुंचा, तो बीएनपी और जमात कार्यकर्ताओं के बीच एक बार फिर से अफरातफरी और तनाव की स्थिति बन गई. इसके बाद जमात के कार्यकर्ताओं ने बरिशाल-बाउफल सड़क को जाम कर दिया और थाना प्रभारी (OC) के तबादले की मांग करने लगे. विरोधकर्ताओं ने थाना प्रभारी पर आरोप लगाया कि वो बीएनपी के पक्ष में सिफारिश कर रहे हैं. जिसे लेकर करीब दो घंटे तक सड़क जाम बना रहा.
जमात ने लगाया आरोप, थाना प्रभारी और BNP ने किया इनकार
जमात के उपजिला सचिव मोहम्मद खालिदुर रहमान ने आरोप लगाया कि बीएनपी कार्यकर्ताओं ने कई बार जमात के लोगों पर हमला किया और थाना प्रभारी बीएनपी के पक्ष में भूमिका निभाते रहे. उन्होंने दावा किया कि उनके 30 कार्यकर्ता इस घटना में घायल हुए हैं. हालांकि, थाना प्रभारी सिद्दीकुर रहमान ने जमात की ओर से लगाए गए आरोपों को सिरे से खारिज कर दिया. उन्होंने कहा कि वे पूरी निष्पक्षता से अपनी जिम्मेदारी निभा रहे हैं और पूरे इलाके में कानून-व्यवस्था कंट्रोल में है.
वहीं, बीएनपी के उपजिला संयोजक तसलीम तालुकदार ने भी जमात के आरोपों से इनकार कर दिया. उन्होंने कहा कि जमात के कार्यकर्ताओं ने ही उनके लोगों पर हमला किया और अब उन पर झूठा आरोप लगा रहे हैं. उन्होंने यह भी दावा किया कि इस हिंसक झड़प में उनके 20 कार्यकर्ता घायल हो गए.


