उत्तर प्रदेश में त्रिस्तरीय पंचायत चुनाव को लेकर चल रही अनिश्चितता के बीच पंचायती राज मंत्री और सुभासपा प्रमुख ओम प्रकाश राजभर का बड़ा बयान सामने आया है. राजभर ने बताया कि राज्य में कब तक पंचायत चुनाव कराए जाएंगे. उन्होंने ये भी साफ कर दिया है कि हाईकोर्ट के आदेश का पालन किया जाएगा और चुनाव प्रक्रिया में कोई अड़चन नहीं आएगी.
पंचायती राज मंत्री ओम प्रकाश राजभर ने कहा कि राज्य में ग्राम पंचायत, क्षेत्र पंचायत और जिला पंचायत चुनाव जुलाई 2026 तक हर हाल में संपन्न करा लिए जाएंगे. राजभर ने कहा कि साल 2021 में पंचायत चुनाव की प्रक्रिया जुलाई महीने में पूरी हो गई थी. इस बार भी जुलाई तक पंचायत चुनाव संपन्न हो जाएंगे. इसके लिए राज्य सरकार और निर्वाचन आयोग दोनों तैयार है.
यूपी में कब कराए जाएंगे पंचायत चुनाव?
ओम प्रकाश राजभर ने बताया कि पंचायत चुनाव कराने की तैयारी तेजी से आगे बढ़ रही है. चुनाव के लिए जिलों में मतपत्र भी छप गए हैं. मतदाता सूची का प्रकाशन भी 15 अप्रैल तक हो जाएगा. चुनाव में ओबीसी आरक्षण को तय करने की लिए आयोग का गठन किया जाना है. जल्द ही ये प्रक्रिया भी पूरी होगी, जिसके बाद आरक्षण प्रक्रिया को फाइनल कर लिया जाएगा.
पंचायत चुनाव में ओबीसी आरक्षण 2011 की जनगणना के आधार पर ही तय किया जाएगा. फ़िलहाल कोई नई गणना नहीं कराई जाएगी. ओबीसी आयोग की रिपोर्ट मिलने के बाद चुनाव कार्यक्रम को घोषित कर दिया जाएगा.
राजभर ने कहा कि भले ही ग्राम प्रधान, ब्लॉक प्रमुख, जिला पंचायत सदस्य, जिला पंचायत अध्यक्षों के कार्यकाल अलग-अलग समय पर खत्म हो रहे हैं लेकिन किसी का कार्यकाल जुलाई 2026 से आगे नहीं बढ़ाया जाएगा. चुनाव की समय सीमा को ध्यान में रखकर ही चुनाव कार्यक्रम तय किए जा रहे हैं.
बता दें कि इलाहाबाद हाईकोर्ट ने त्रिस्तरीय चुनाव को लेकर कड़ा रवैया अख़्तियार किया है. कोर्ट ने राज्य चुनाव आयोग से सवाल किया है कि 15 अप्रैल को मतदाता सूची के प्रकाशन के बाद क्या 26 मई तक चुनाव कराना संभव है या नहीं. कोर्ट ने इसे लेकर चुनाव आयोग से हलफनामा दाखिल कर जवाब मांगा है.


