अमेरिका और ईरान के बीच चल रहा युद्ध थमता नजर नहीं आ रहा है. यह जंग एक महीने से भी ज्यादा समय होने के बावजूद किसी मुकाम तक नहीं पहुंच सकी है. यूएस राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप लगातार ईरान को टारेगट कर रहे हैं. दूसरी ओर ईरान भी नहीं झुक रहा. इन दो देशों की लड़ाई की वजह से बाकी खाड़ी देशों को भारी नुकसान हुआ है. ईरान जंग की वजह से खाड़ी देश 200 अरब डॉलर की भारी कीमत चुका सकते हैं. इसका सीधा असर आम लोगों पर पड़ रहा है. भारतीय भी इस जंग की चपेट में आ गए हैं.
अमेरिका और इजरायल ने मिलकर अभी तक ईरान में भारी तबाही मचाई है. तेहरान समेत कई शहरों को नुकसान पहुंचाया है. ईरान ने भी इसका करारा जवाब दिया है. उसने इजरायल पर कई बार क्लस्टर बम के जरिए हमला किया. वहीं खाड़ी देशों में स्थित अमेरिकी सेना के ठिकानों को तबाह किया है. इस जंग की कीमत बाकी खाड़ी देश भी चुका रहे हैं. युद्ध की वजह से 200 अरब डॉलर का नुकसान होने का अनुमान लगाया गया है. इसके साथ ही 36 लाख नौकरियों पर सीधा असर होगा. इसका मतलब है कि लाखों को बेरोजगारी की ज़द में आ जाएंगे.
अमेरिका-ईरान युद्ध की वजह से मुश्किल में एक करोड़ भारतीय
अगर अरब देशों की बात की जाए तो यहां एक करोड़ से ज्यादा भारतीय रहते हैं. युद्ध की वजह से भी मुश्किल का सामना कर रहे हैं. भारत से लाखों की संख्या में लोग अरब देशों में नौकरी के लिए गए हैं, लेकिन अब युद्ध उन्हें भी परेशान कर सकता है.
युद्ध की वजह से तेल और गैस का संकट
अमेरिका-ईरान युद्ध की वजह से भारत समेत दुनिया के कई देश तेल और गैस के संकट से जूझ रहे है. ईरान ने स्ट्रेट ऑफ हॉर्मुज पर रोक लगा दी है, जिसकी वजह से जहाज निकल नहीं पा रहे हैं.
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